भारतीय रिज़र्व बैंक की भूमिका और प्रभाव भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) भारत की केंद्रीय बैंक है, जो देश की मौद्रिक नीति का संचालन करती है। इसकी स्थापना 1 अप्रैल 1935 को हुई थी और यह भारत सरकार के अधीन कार्य करती है। RBI का मुख्यालय मुंबई में स्थित है। इसकी भूमिका केवल बैंकिंग प्रणाली के नियमन तक ही सीमित नहीं है, बल्कि यह देश की आर्थिक स्थिरता को बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण योगदान देती है। मौद्रिक नीति और ब्याज दरें RBI की मौद्रिक नीति का मुख्य उद्देश्य मुद्रास्फीति को नियंत्रित करना और आर्थिक विकास को प्रोत्साहित करना है। 2024 में, RBI ने रेपो दर को 6.50% पर बनाए रखा , जो पिछले वर्ष की तुलना में स्थिर है। यह दर बैंकों के लिए RBI से उधार लेने की लागत को निर्धारित करती है और इसलिए यह आर्थिक गतिविधियों पर सीधा प्रभाव डालती है। विदेशी मुद्रा भंडार भारत के विदेशी मुद्रा भंडार का प्रबंधन भी RBI के जिम्मे है। 2025 तक, भारत का विदेशी मुद्रा भंडार $650 बिलियन तक पहुंच गया , जो देश की आर्थिक स्थिरता के लिए एक महत्वपूर्ण संकेतक है। यह भंडार अंतरराष्ट्रीय व्यापार और निवेश के लिए सुरक्षा प्रदान ...